Jailer 2 का जबरदस्त क्रेज: रजनीकांत के पोस्टर की आरती उतार रहे फैंस, मदुरै के मंदिर में सजे 230 से ज्यादा फिल्मी अवतार

Rajinikanth Jailer 2 Fan Craze: साउथ सिनेमा के सुपरस्टार रजनीकांत की लोकप्रियता एक बार फिर चर्चा में है। उनकी फिल्म जेलर 2 की रिलीज के मौके पर फैंस के बीच जबरदस्त उत्साह देखने को मिल रहा है। चेन्नई में जहां प्रशंसक अभिनेता के विशाल पोस्टर पर दूध चढ़ाते और आरती करते नजर आए, वहीं तमिलनाडु के मदुरै के पास स्थित एक मंदिर में रजनीकांत के 230 से ज्यादा फिल्मी किरदारों को खास अंदाज में प्रदर्शित किया गया है। Join Telegram For Fast Update Join रजनीकांत के लिए फैंस की यह दीवानगी सिर्फ सिनेमाघरों तक सीमित नहीं है। उनके प्रशंसक फिल्म की सफलता के लिए पूजा-पाठ कर रहे हैं और अपने पसंदीदा अभिनेता के लंबे फिल्मी सफर को अलग-अलग तरीकों से सेलिब्रेट कर रहे हैं। चेन्नई में रजनीकांत के पोस्टर की आरती, दूध चढ़ाते दिखे फैंस रजनीकांत की फिल्म जेलर 2 की रिलीज के दिन चेन्नई के कोयम्बेडु स्थित रोहिणी थिएटर के बाहर प्रशंसकों की भारी उत्सुकता देखने को मिली। सोशल मीडिया पर सामने आए वीडियो में फैंस अभिनेता के विशाल पोस्टर पर दूध चढ़ाते, आरती करते और ‘थलाइवा’ के नारे लगाते नजर आए। फिल्म के पहले शो को लेकर प्रशंसकों का उत्साह देखते ही बन रहा था। कई लोग थिएटर के बाहर इकट्ठा होकर ढोल-नगाड़ों और नाच-गाने के साथ जश्न मनाते दिखाई दिए। रजनीकांत के पोस्टर के सामने पूजा करने का यह नजारा एक बार फिर दिखाता है कि उनके प्रशंसकों के लिए उनकी फिल्मों की रिलीज किसी उत्सव से कम नहीं होती। फिल्म रिलीज के मौके पर इस तरह के जश्न के वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से चर्चा में आए। रजनीकांत की लोकप्रियता का अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि उनके प्रशंसक फिल्म देखने के साथ-साथ उसके लिए खास धार्मिक अनुष्ठान भी करते हैं। मदुरै के राजिनी मंदिर में रजनीकांत के 230 से ज्यादा अवतार रजनीकांत के प्रति प्रशंसकों की दीवानगी का एक और अनोखा उदाहरण तमिलनाडु के मदुरै के पास तिरुमंगलम में देखने को मिला। यहां अभिनेता के एक समर्पित प्रशंसक एस. कार्तिक ने अपने राजिनी मंदिर में नवरात्रि के अवसर पर खास कोलू सजाया है। दक्षिण भारत में नवरात्रि के दौरान कोलू सजाने की परंपरा है, जिसमें सीढ़ीनुमा मंच पर गुड़ियों, मूर्तियों और विभिन्न आकृतियों को सजाया जाता है। कार्तिक ने इसी परंपरा को रजनीकांत के फिल्मी सफर से जोड़ते हुए एक विशेष प्रदर्शनी तैयार की है। इस साल की झांकी में 230 से अधिक तस्वीरों और आकृतियों के माध्यम से अभिनेता के अलग-अलग फिल्मी किरदारों को प्रदर्शित किया गया है। यह प्रदर्शनी रजनीकांत की शुरुआती फिल्मों से लेकर उनकी नई फिल्मों तक के सफर को दिखाती है। इस विशेष कोलू में अपूर्वा रागंगल से लेकर जेलर 2 और धर्मन तक के संदर्भ शामिल हैं। मंदिर में 23 सीढ़ियों पर सजाई गई इस झांकी के जरिए अभिनेता के लंबे सिनेमाई करियर की झलक पेश की गई है। तीन साल से बना रहे हैं रजनीकांत की खास झांकी रजनीकांत के प्रशंसक कार्तिक पिछले तीन वर्षों से नवरात्रि के दौरान अभिनेता को समर्पित विशेष कोलू तैयार कर रहे हैं। उनके लिए यह केवल एक सजावट नहीं, बल्कि अपने पसंदीदा कलाकार के प्रति सम्मान जताने का तरीका है। रिपोर्ट के मुताबिक, कार्तिक ने रजनीकांत की तस्वीरों और फिल्मी यादों का एक बड़ा संग्रह भी तैयार किया है। मंदिर की दीवारों और छत पर अभिनेता की हजारों तस्वीरें लगाई गई हैं। यहां आने वाले प्रशंसक उनके अलग-अलग किरदारों को देख सकते हैं और अभिनेता के फिल्मी सफर को याद कर सकते हैं। इस बार की प्रदर्शनी में रजनीकांत के जेलर 2 वाले लुक को भी खास जगह दी गई है। फिल्म की रिलीज के आसपास इस झांकी ने प्रशंसकों का ध्यान आकर्षित किया है। रजनीकांत के लिए मंदिर में होती है पूजा–अर्चना मदुरै के पास स्थित यह राजिनी मंदिर अपने आप में अनोखा है। इसे रजनीकांत के प्रशंसक कार्तिक ने बनवाया है। मंदिर में अभिनेता की मूर्तियां स्थापित हैं और उनके प्रशंसक नियमित रूप से पूजा-अर्चना करते हैं। रिपोर्ट के अनुसार, यहां आरती और अभिषेक जैसे धार्मिक अनुष्ठान भी किए जाते हैं। कुछ प्रशंसक अपने परिवार के साथ मंदिर पहुंचते हैं और अभिनेता के प्रति अपनी श्रद्धा व्यक्त करते हैं। कार्तिक का कहना है कि वह रजनीकांत के लिए हर बार कुछ नया करने की कोशिश करते हैं। वह भविष्य में अभिनेता से जुड़ी यादों और संग्रह को एक छोटे संग्रहालय का रूप देने की इच्छा भी रखते हैं। Jailer 2 को लेकर क्यों है इतनी चर्चा? जेलर 2 साल 2023 में रिलीज हुई रजनीकांत की सफल फिल्म जेलर का सीक्वल है। पहली फिल्म में रजनीकांत ने मुथुवेल पांडियन का किरदार निभाया था, जिसे दर्शकों ने काफी पसंद किया। नेल्सन दिलीपकुमार के निर्देशन और सन पिक्चर्स के निर्माण में बनी दूसरी फिल्म में रजनीकांत के साथ राम्या कृष्णन, मोहनलाल, एस.जे. सूर्या और विद्या बालन जैसे कलाकार भी नजर आ रहे हैं। फिल्म को लेकर प्रशंसकों में पहले से ही उत्सुकता थी, जो रिलीज के मौके पर सिनेमाघरों के बाहर देखने को मिली। फिल्म की रिलीज के साथ प्रशंसकों का जश्न एक बार फिर चर्चा में आ गया है। चेन्नई में पोस्टर की आरती से लेकर मदुरै में अभिनेता के सैकड़ों फिल्मी रूपों की झांकी तक, […]

Madhu Kambikar Death News: मशहूर मराठी अभिनेत्री मधु कांबीकर का 73 साल की उम्र में निधन, लावणी कला में छोड़ी खास पहचान

Madhu Kambikar Death News: मराठी सिनेमा और महाराष्ट्र की पारंपरिक लोककला के लिए एक दुखद खबर सामने आई है। दिग्गज अभिनेत्री और प्रसिद्ध लावणी कलाकार मधु कांबीकर का 12 अक्टूबर 2026 को पुणे में निधन हो गया। वह 73 वर्ष की थीं। मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, वह पिछले कई वर्षों से स्वास्थ्य संबंधी समस्याओं से जूझ रही थीं। उनके निधन से मराठी मनोरंजन जगत और लोककला से जुड़े कलाकारों में शोक है। Join Telegram For Fast Update Join मधु कांबीकर ने अपने चार दशक से अधिक लंबे करियर में मराठी फिल्मों, थिएटर, टेलीविजन और लोकनाट्य के माध्यम से दर्शकों के बीच खास पहचान बनाई। अभिनय के साथ-साथ लावणी नृत्य में उनके योगदान को भी याद किया जा रहा है। Madhu Kambikar का 73 साल की उम्र में निधन मधु कांबीकर ने पुणे में अंतिम सांस ली। वह लंबे समय से बीमार थीं और 2016 में मंच पर प्रस्तुति के दौरान स्ट्रोक आने के बाद उनकी सेहत पर गंभीर असर पड़ा था। इस घटना के बाद उन्हें कई स्वास्थ्य समस्याओं का सामना करना पड़ा और वह सार्वजनिक मंचों से दूर हो गई थीं। उनके निधन की खबर सामने आने के बाद महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस सहित कई लोगों ने उन्हें श्रद्धांजलि दी। उनके कला जगत में योगदान और यादगार भूमिकाओं को याद किया गया। मंच पर प्रस्तुति के दौरान बिगड़ी थी तबीयत मधु कांबीकर की जिंदगी में साल 2016 एक बड़ा मोड़ साबित हुआ। रिपोर्ट्स के अनुसार, 27 नवंबर 2016 को मुंबई के यशवंत नाट्य मंदिर में एक कार्यक्रम के दौरान वह लावणी प्रस्तुति दे रही थीं। इसी दौरान उनकी तबीयत अचानक बिगड़ गई और उन्हें अस्पताल ले जाना पड़ा। बताया जाता है कि उन्हें स्ट्रोक आया था, जिसके कारण उनके शरीर का दायां हिस्सा प्रभावित हुआ। इसके बाद उनकी सेहत में अपेक्षित सुधार नहीं हुआ और उन्हें अभिनय तथा मंचीय प्रस्तुतियों से दूरी बनानी पड़ी। कई वर्षों तक स्वास्थ्य समस्याओं से जूझने के बाद 12 अक्टूबर 2026 को उनका निधन हो गया। Madhu Kambikar Career: मराठी फिल्मों से थिएटर तक बनाई पहचान मधु कांबीकर ने मराठी मनोरंजन जगत में अपने अभिनय से अलग पहचान बनाई थी। उन्होंने फिल्मों के अलावा लोकनाट्य, व्यावसायिक रंगमंच और टेलीविजन में भी काम किया। गंभीर किरदारों से लेकर हास्य भूमिकाओं तक, उन्होंने अलग-अलग तरह के किरदारों को पर्दे पर उतारा। फिल्म ‘शापित’ में उनके अभिनय को विशेष पहचान मिली। इसके अलावा वह ‘हेच माझं माहेर’, ‘राघुमैना’, ‘एक होता विदूषक’, ‘झपाटलेला’, ‘देबू’ और ‘येऊ का घरात’ जैसी फिल्मों में भी नजर आईं। उनकी भूमिकाओं ने मराठी दर्शकों के बीच उन्हें लोकप्रिय बनाया। फिल्मों के साथ थिएटर में भी उनका योगदान उल्लेखनीय रहा। उनके अभिनय की विविधता और सहज प्रस्तुति को उनके करियर की खास विशेषताओं में गिना जाता है। लावणी कला को लोकप्रिय बनाने में दिया योगदान मधु कांबीकर की पहचान केवल एक अभिनेत्री के रूप में नहीं थी। वह महाराष्ट्र की पारंपरिक लोककला लावणी की प्रमुख कलाकारों में भी शामिल थीं। लावणी संगीत, नृत्य और अभिनय का ऐसा लोकप्रदर्शन है, जिसका महाराष्ट्र की सांस्कृतिक परंपरा में विशेष स्थान है। मधु कांबीकर ने अपनी प्रस्तुतियों के माध्यम से इस कला को व्यापक दर्शकों तक पहुंचाने में योगदान दिया। उन्होंने लोकनाट्य और पारंपरिक मंचीय प्रस्तुतियों में भी सक्रिय भूमिका निभाई। उनकी कला में अभिनय और नृत्य का सुंदर मेल देखने को मिलता था। […]

भारत के सबसे चहेते कलाकार: दिग्गज Actor, Nana Patekar का जीवन और सफर

भारतीय सिनेमा के इतिहास में जब भी ऐसे अभिनेताओं की बात होगी जिन्होंने बिना किसी गॉडफादर के, सिर्फ अपनी कड़क आवाज, अनूठी बॉडी लैंग्वेज और शानदार डायलॉग डिलीवरी के दम पर दर्शकों के दिलों पर राज किया, तो नाना पाटेकर का नाम सबसे ऊपर आएगा। नाना पाटेकर केवल एक अभिनेता नहीं, बल्कि अभिनय की एक पूरी पाठशाला रहे हैं। उनका बेबाक अंदाज और समाज के प्रति उनका सेवा भाव हर युवा के लिए प्रेरणास्रोत है। Join Telegram For Fast Update Join नाना पाटेकर के सफर की मुख्य बातें  पूरानाम: विश्वनाथ पाटेकर (नाना पाटेकर) पहचान:कड़क आवाज, नेचुरल एक्टिंग और धमाकेदार डायलॉग डिलीवरी के किंग। पहलाबड़ा ब्रेक: फिल्म ‘गमन’ (1978) से हिंदी सिनेमा में कदम रखा। पहचानदिलाने वाली फिल्में: परिंदा, क्रांतिवीर, तिरंगा, यशवंत, और वेलकम। प्रमुख फिल्में और उनके यादगार किरदार (Iconic Movies & Characters) Movie निभाए गए किरदार का नाम इस फिल्म की सबसे बड़ी खासियत परिंदा (1989) अन्ना (Anna) इस फिल्म में विलेन के रोल ने उन्हें स्टार बना दिया। तिरंगा (1993) ब्रिगेडियर सूर्यदेव सिंह राजकुमार के साथ उनकी जुगलबंदी और देशभक्ति डायलॉग्स अमर हो गए। क्रांतिवीर (1994) प्रताप (Pratap) समाज की कुरीतियों पर उनका आखिरी भाषण आज भी रोंगटे खड़े कर देता है। यशवंत (1997) यशवंत लोहार (ईमानदार पुलिस अफसर) “एक मच्छर साला आदमी को हिजड़ा बना देता है” जैसा कड़क संवाद। वेलकम (2007) उदय शेट्टी (Uday Shetty) उनके द्वारा की गई कॉमेडी को आज के बच्चे मीम्स (Memes) में खूब पसंद करते हैं। पुरस्कार और सामाजिक योगदान (Awards & Social Work) क्षेत्र / श्रेणी प्राप्त सम्मान / […]